दासत्व की ओर…The Raod to Serfdom
Friedrich August von Hayek फ्रेडरिक ऑगस्ट हायेक प्रसिद्ध अर्थशास्त्री और चिंतक थे। वे उदार लोकतंत्र और मुक्त बाज़ार के पैरोकार थे। 1974 में उन्हें अर्थशास्त्र का नोबल पुरस्कार उनके वैचारिक प्रतिद्वंदी गुन्नार मिरडाल के साथ संयुक्त रूप से दिया गया। हायेक का विचार था कि समाज में निर्णायक शक्ति एक मुक्त बाज़ार के हाथ होनी चाहिये। [...]






