समर ऑफ़ 69 का हिन्दी रूपांतर

समर ऑफ़ सिक्स्टी नाइन क्या है?
यह आंग्लभाषा का एक महाप्रसिद्ध गीत है। (इसका अर्थ होता है ” ६९ की गर्मी” जिसका तात्पर्य है सन १९६९ की गर्मी के दिन) वैसे ये रूपांतर आपको तब अच्छी तरह समझ आएगा जब आपने समर ऑफ़ सिक्स्टी नाइन सुना हो। इसे सुनने के लिये यहाँ क्लिक करें।
इसे [...]

विज्ञान प्रसार का हिन्दी जालस्थल

भारत सरकार के द्वारा 1989 में स्थापित संस्था “विज्ञान प्रसार” का कार्य विज्ञान को आम लोगों विशेषकर बच्चों में लोकप्रिय बनाना है। विज्ञान प्रसार की हिन्दी पत्रिका “विज्ञान प्रगति” जिन्होंने पढ़ी होगी वे अवश्य इससे परिचित होंगे। किंतु वि.प्र. के जालस्थल में अनेक कमियाँ भी दिखायी देती हैं। ऐसा अकसर होता है कि सरकार के [...]

डिजिटल सांस्कृतिक संपदा पुस्तकालय

हिन्दी प्रेमियों विशेषकर वे जो इंटरनेट पर हिन्दी की उपस्थिति के लिये चिंतित रहते हैं, के लिये यह अच्छा समाचार है। भारत सरकार के टीडीआईएल यानी “भारतीय भाषाओं के तकनीकी विकास” प्रकल्प के ‘क़ॉइलनेट’ कार्यक्रम के अंतर्गत हिन्दी और लोकभाषाओं के प्राचीन और आधुनिक साहित्य को इंटरनेट पर उपलब्ध कराया गया है। देश के विभिन्न [...]

हितोपदेश की संपूर्ण कथायें

भारत सरकार के सूचना और तकनीकी विभाग के ‘भारतीय भाषाओं के लिये तकनीकी विकास’ प्रकल्प’ ने प्रशंसनीय कार्य किया है। इस प्रकल्प के साथ देश के अनेक विश्वविद्यालय जुड़े हैं। इनके जाल स्थल पर हितोपदेश की लगभग सभी कथायें हिन्दी में यूनिकोड पर दी गयी हैं। इस पोस्ट के अंत में सभी कहानियों के श्रेणीबद्ध लिंक दिये गये [...]

समय का फ़्लाई-ओवर

कुछ वर्ष पूर्व अंग़्रेज़ी में मैंने एक कविता लिखी थी। यह उसका हिन्दी अनुवाद है:

समय का फ़्लाई-ओवर

एक शहर है,
वहाँ छपते हैं अख़बार और पढ़े भी जाते हैं
अख़बार में छपी ख़बर नयी
शहर के बीच बना एक नया फ़्लाई ओवर
नामकरण को लेकर उदघाटन रूका हुआ था जिसका
खोल दिया गया है आज से जनता के लिये

शहर की [...]

बेताल पच्चीसी: पच्चीसवीं कहानी

योगी राजा को और मुर्दे को देखकर बहुत प्रसन्न हुआ। बोला, ‘‘हे राजन्! तुमने   यह कठिन काम करके मेरे साथ बड़ा उपकार किया है। तुम सचमुच सारे राजाओं में श्रेष्ठ हो।’’                  इतना कहकर उसने मुर्दे को उसके कंधे से उतार लिया और उसे स्नान कराकर फूलों की मालाओं से सजाकर रख दिया। फिर मंत्र-बल से [...]